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राजकीय सम्मान के साथ  नवनीत गुंसाई का अन्तिम संस्कार

देहरादून, 13 जुलाई। राष्ट्रीय उत्तराखण्ड पार्टी के केन्द्रीय अध्यक्ष एवं उत्तराखण्ड आन्दोलनकारी परिषद के संरक्षक नवनीत गुंसाई का राजकीय सम्मान के साथ अन्तिम हरिद्वार खडखडी शमशान घाट में अन्तिम बिदाई दी। उनके 11 बर्षीय पुत्र ने मुखाग्नि दी। इससे पहले राजकीय सम्मान दिया गया जिसमें हरिद्वार जिला प्रशासन की ओर नायब तहसील दार तथा देहरादून जिलाप्रशासन की ओर से नायब तहसीलदार डोईवाला ने पुष्पचक्र एवं शाल चढाया। इस अवसर पर उत्तराखण्ड आन्दोलनकारियों, पत्रकारों, राजनैतिक एवं सामाजिक कार्यकर्त्ताओं ने शमशान घाट खडखडी में उनके पार्थिव शरीर पर पुष्पांजलि अर्पित की। श्री गुसांई के निधन से राज्य के राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में शोक की लहर है। इस अवसर पर पार्टी के केन्द्रीय महामंत्री बालेश बबानिया, संयुक्त परिषद के जिलाध्यक्ष सुरेश कुमार तथा केन्द्रीय प्रवक्ता चिन्तन सकलानी ने कहा 
नवनीत गुंसाई उत्तराखंड राज्य आंदोलन के एक वरिष्ठ नेता थे। एक कट्टर आंदोलनकारी के रूप में उन्होंने राज्य निर्माण के संघर्ष में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। राज्य आंदोलनकारी संयुक्त परिषद के संरक्षक के रूप में वे लगातार राज्य की मांगों एवं जनहित के मुद्दों पर सक्रिय रहे। एक जननेता के रूप में उन्होंने जनता के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। हाल ही में उन्होंने एलयूसीसी पीड़ितों के धरने को समर्थन देते हुए सरकार से निवेशकों का पैसा ब्याज सहित वापस दिलाने की मांग की थी। वे समय-समय पर जनहित के विभिन्न मुद्दों पर अपनी आवाज उठाते रहे, चाहे वह टोल टैक्स का मामला हो या फिर अन्य सामाजिक सरोकार। उन्होने उत्तराखण्ड के चिन्हित होने से छूटे आन्दोलनकारियों की मांगे निरन्तर उठाई। राज्य में साम्प्रदायिक सौहार्द के लिये सदैव तत्पर रहे हाल ही में झण्डा बाजार में अल्पसंख्यकों पर हमले की मुखर होकर विरोध किया।
गौरतलब है कि नवनीत सिंह गोसाई (गुंसाई) 2024 के लोकसभा चुनाव में टिहरी गढ़वाल सीट से राष्ट्रीय उत्तराखंड पार्टी के उम्मीदवार भी रहे थे। उनके निधन से उत्तराखंड की राजनीति में एक खालीपन आ गया है। शोकाकुल परिजनों एवं समर्थकों के साथ पूरा प्रदेश इस दुख की घड़ी में उनके साथ खड़ा है।
इस अवसर पर देहरादून प्रेस क्लब के अध्यक्ष अजय राणा, पूर्व अध्यक्ष जितेन्द्र अन्थवाल, सामाजिक कार्यकर्त्ता दीप सकलानी, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष लेखराज, मंच के प्रवक्ता प्रदीप कुकरेती, मनोज ध्यानी, राकेश पांथरी, सीपीएम सचिव अनन्त आकाश, सीआईटीयू उपाध्यक्ष भगवन्त पयाल, किशन गुनियाल, हिमांशु चौहान, रविंद्र नौडियाल, उत्तराखंड आन्दोलनकारी संयुक्त परिषद के अम्बुज शर्मा, अमित परमार, राजेश शर्मा, सोहन सिंह रावत, नित्यानंद बंगवाल, विरमानी
रामपाल, जगमोहन सिंह रावत , विकास रावत, धर्मानंद, सुरजीत सिंह, मनप्रीत सिंह आदि प्रमुख शामिल थे। इस अवसर सैकडो की संख्या में शोकाकुल लोग मौजूद थे।