breaking news
  • * आखिरकार मान गए ऊर्जा कर्मी, समाधान का आश्वासन.
  • * सरकारी नौकरी की चाह रखने वाले युवाओं के लिए अच्छी खबर.
  • * कोरोना संक्रमण में कमी को देखते हुए सरकारी कार्यालय शत-प्रतिशत उपस्थिति के साथ खोलने के निर्देश.
  • * Martyr Gate will be built in memory of martyr Devendra Prasad, who showed indomitable courage.
  • * मध्यरात्रि से यूपीसीएल, यूजेवीएनएल, पिटकुल में बेमियादी हड़ताल शुरू करने का एलान किया.
  • * मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पूजा-पाठ के बाद सरकारी आवास में शिफ्ट.
  • * मध्यरात्रि से यूपीसीएल, यूजेवीएनएल, पिटकुल में बेमियादी हड़ताल शुरू करने का एलान किया.
  • * IAS दीपक रावत ने संभाला ऊर्जा निगम और पिटकुल के प्रबंध निदेशक का पदभार.
  • * समाजवादी पार्टी ने दून जिला कार्यकारिणी का विस्तार किया.
  • * आइएएस दीपक रावत ने छह दिन बीतने पर भी ऊर्जा निगम के प्रबंध निदेशक का पदभार नहीं संभाला.
kotha

निदेशक ने की एससी एसटी अत्याचार निवारण अधिनियम से संबंधित मामलों की समीक्षा

देहरादून, 10 जुलाई।राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग, भारत सरकार के निदेशक उत्तम प्रकाश द्वारा आज को विकास भवन सभागार, देहरादून में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम से संबंधित प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य लंबित प्रकरणों की प्रगति की समीक्षा करना तथा पीड़ितों को समयबद्ध न्याय एवं आर्थिक सहायता सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान करना था। बैठक में जिला समाज कल्याण अधिकारी, देहरादून दीपॉकर घिल्डियाल, पुलिस उपाधीक्षक जितेन्द्र चौधरी, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी नरेश धारकोटी तथा लेखाकार उत्तम सिंह सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। समीक्षा के दौरान निदेशक उत्तम प्रकाश ने अनुसूचित जाति एवं जनजाति के हितों की रक्षा तथा अत्याचार निवारण अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष बल देते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी लंबित प्रकरणों का त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
बैठक में प्रमुख निर्देश दिए गए की परगना स्तर पर सतर्कता एवं मॉनिटरिंग समिति का शीघ्र गठन करते हुए उसकी बैठक तत्काल आयोजित की जाए। अनुसूचित जाति एवं जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के अंतर्गत ऐसे प्रकरण जिनकी पुलिस जांच 60 दिनों से अधिक समय से लंबित है, उन पर खेद व्यक्त करते हुए निर्देश दिए गए कि अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार प्रत्येक मामले की जांच 60 दिनों के भीतर अनिवार्य रूप से पूर्ण की जाए। भूमि संबंधी लंबित प्रकरणों की सूची जिलाधिकारी के संज्ञान में प्रस्तुत करते हुए उनकी जांच में प्रगति सुनिश्चित की जाए तथा 10 दिनों के भीतर अद्यतन स्थिति से अवगत कराया जाए। पीड़ितों को आर्थिक सहायता के भुगतान में विलंब न हो, इसके लिए समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों को निदेशालय से समन्वय स्थापित कर आवश्यक बजट उपलब्ध कराते हुए तत्काल आर्थिक सहायता का भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए.- समीक्षा के दौरान यह भी पाया गया कि एक प्रकरण में बैंक खाता एवं जाति प्रमाण-पत्र उपलब्ध न होने के कारण आर्थिक सहायता लंबित है। इस पर पुलिस उपाधीक्षक को निर्देशित किया गया कि संबंधित लाभार्थी का बैंक खाता विवरण एवं जाति प्रमाण-पत्र तीन दिवस के भीतर समाज कल्याण विभाग को उपलब्ध कराया जाए, जिससे सहायता राशि का भुगतान शीघ्र किया जा सके।
बैठक के अंत में निदेशक उत्तम प्रकाश ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए अनुसूचित जाति एवं जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के प्रावधानों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करने तथा पीड़ितों को समयबद्ध न्याय एवं राहत उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।